बैकुंठ चतुर्दशी मेले में सजेगा हुनर का महासंग्राम,श्रीनगर के सितारे बनने को 4 नवंबर को होगा ऑडिशन
सबसे तेज प्रधान टाइम्स
गबर सिंह भण्डारी
श्रीनगर गढ़वाल। देवभूमि उत्तराखंड की सांस्कृतिक एवं आध्यात्मिक नगरी श्रीनगर में एक बार फिर सुरों की मिठास और नृत्य की थिरकन के बीच स्थानीय प्रतिभाओं को अपनी पहचान बनाने का सुनहरा अवसर मिलने जा रहा है। आगामी 23 नवंबर 2026 से शुरू होने वाले बैकुंठ चतुर्दशी मेला एवं विकास प्रदर्शनी में इस बार भी श्रीनगर के सितारे टैलेंट हंट प्रतियोगिता आकर्षण का प्रमुख केंद्र बनने जा रही है। प्रतियोगिता के तहत गायन एवं नृत्य विधाओं में अपनी प्रतिभा दिखाने के इच्छुक छात्र-छात्राओं के ऑडिशन आगामी 4 नवंबर 2026 को नगर निगम सभागार श्रीनगर में आयोजित किए जाएंगे। शहर की उभरती प्रतिभाओं को मंच प्रदान करने और उनकी कला को व्यापक पहचान दिलाने के उद्देश्य से आयोजित होने वाली इस प्रतियोगिता को लेकर तैयारियां शुरू हो गई हैं। प्रतियोगिता के माध्यम से बच्चों और युवाओं को अपनी गायन कला,नृत्य कौशल,रचनात्मकता और मंचीय प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिलेगा। खास बात यह है कि इस बार प्रतियोगिता के प्रतिभागियों का मूल्यांकन करने के लिए निर्णायक मंडल बाहर से आएगा। इससे प्रतियोगिता के मूल्यांकन को लेकर प्रतिभागियों और दर्शकों की उत्सुकता और बढ़ने की उम्मीद है। श्रीनगर के सितारे केवल एक प्रतियोगिता नहीं,बल्कि स्थानीय प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने और उन्हें अपनी कला के दम पर आगे बढ़ने का अवसर देने वाला महत्वपूर्ण मंच है। पहाड़ के अनेक बच्चों और युवाओं में गायन एवं नृत्य की अद्भुत प्रतिभा है,लेकिन उचित मंच और अवसर के अभाव में उनकी कला को अपेक्षित पहचान नहीं मिल पाती। ऐसे आयोजनों के माध्यम से उन्हें अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने,आत्मविश्वास बढ़ाने और भविष्य में बेहतर अवसरों की ओर कदम बढ़ाने की प्रेरणा मिलती है। बैकुंठ चतुर्दशी मेला श्रीनगर की सांस्कृतिक पहचान का महत्वपूर्ण हिस्सा है। धार्मिक आस्था के साथ-साथ यह मेला स्थानीय कला,संस्कृति,परंपरा और जनभागीदारी को भी बढ़ावा देता है। इसी कड़ी में श्रीनगर के सितारे प्रतियोगिता बच्चों और युवाओं के लिए विशेष आकर्षण का केंद्र रहती है। मंच पर कोई अपनी मधुर आवाज से श्रोताओं का मन मोहने का प्रयास करेगा,तो कोई अपनी नृत्य प्रस्तुति से दर्शकों की तालियां बटोरने के लिए तैयार होगा। नगर निगम की महापौर आरती भण्डारी ने कहा कि श्रीनगर के सितारे शहर की छिपी हुई प्रतिभाओं को पहचान दिलाने का महत्वपूर्ण मंच है। इस आयोजन का उद्देश्य बच्चों और युवाओं को अपनी कला प्रदर्शित करने,आत्मविश्वास विकसित करने और अपनी प्रतिभा को निखारने का अवसर उपलब्ध कराना है। उन्होंने कहा कि श्रीनगर में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है। आवश्यकता इस बात की है कि उन्हें सही समय पर उचित मंच और प्रोत्साहन मिले। ऐसे आयोजनों से स्थानीय कलाकारों को अपनी क्षमताओं को सामने लाने का अवसर मिलता है और वे भविष्य में बड़े मंचों पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन करने के लिए प्रेरित होते हैं। महापौर ने सभी छात्र-छात्राओं से अपील की कि वे बिना किसी झिझक के प्रतियोगिता में प्रतिभाग करें और पूरे उत्साह के साथ अपनी कला का प्रदर्शन करें। उन्होंने उम्मीद जताई कि इस बार भी शहर और आसपास के क्षेत्रों से बड़ी संख्या में प्रतिभाशाली बच्चे एवं युवा आगे आएंगे और अपनी प्रस्तुतियों से बैकुंठ चतुर्दशी मेले की रौनक बढ़ाएंगे। प्रतियोगिता को प्रतिभागियों की आयु के आधार पर दो वर्गों में विभाजित किया गया है,ताकि अलग-अलग आयु वर्ग के बच्चों और युवाओं को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने का अवसर मिल सके। जूनियर वर्ग-13 वर्ष से कम आयु के प्रतिभागी। सीनियर वर्ग-13 वर्ष से अधिक आयु के प्रतिभागी। दोनों वर्गों में गायन एवं नृत्य प्रतियोगिताएं आयोजित की जाएंगी। इच्छुक छात्र-छात्राएं नगर निगम कार्यालय से आवेदन फॉर्म प्राप्त कर सकते हैं। प्रतियोगिता में शामिल होने के इच्छुक प्रतिभागियों को निर्धारित समय सीमा के भीतर अपना आवेदन जमा करना होगा। आवेदन फॉर्म जमा करने की अंतिम तिथि-2 नवंबर 2026 ऑडिशन की तिथि-4 नवंबर 2026,ऑडिशन स्थल-नगर निगम सभागार श्रीनगर बैकुंठ चतुर्दशी मेला एवं विकास प्रदर्शनी का शुभारंभ 23 नवंबर 2026 से प्रतियोगिता में भाग लेने के इच्छुक छात्र-छात्राएं समय रहते नगर निगम कार्यालय से आवेदन फॉर्म प्राप्त कर निर्धारित तिथि तक जमा कर दें,ताकि ऑडिशन में शामिल होने का अवसर मिल सके। इस बार श्रीनगर के सितारे प्रतियोगिता में निर्णायक मंडल बाहर से आएगा। ऐसे में प्रतिभागियों के लिए अपनी कला,प्रस्तुति,आत्मविश्वास और मंचीय क्षमता का प्रभावशाली प्रदर्शन करना महत्वपूर्ण होगा। बाहरी निर्णायकों की मौजूदगी प्रतियोगिता को लेकर उत्सुकता बढ़ाएगी और प्रतिभागियों को अपनी प्रतिभा का आकलन कराने का अवसर भी मिलेगा। अब शहर के उन उभरते कलाकारों पर सबकी निगाहें रहेंगी,जो अपनी मेहनत,लगन और कला के दम पर श्रीनगर के सितारे बनने का सपना लेकर मंच पर उतरेंगे। गायन में सुरों का जादू चलेगा तो नृत्य में कदमों की थिरकन दर्शकों को आकर्षित करेगी। बैकुंठ चतुर्दशी मेला-2026 में आयोजित होने वाली यह प्रतियोगिता श्रीनगर की युवा प्रतिभाओं के लिए अपनी पहचान बनाने का एक महत्वपूर्ण अवसर होगी। 4 नवंबर को होने वाले ऑडिशन से प्रतिभागियों की कला और मंचीय क्षमता की पहली परीक्षा शुरू होगी,जबकि मेले के दौरान होने वाली प्रस्तुतियों को लेकर भी उत्सुकता बनी रहेगी। शहर को अब उन नए सितारों का इंतजार है,जो अपनी गायकी और नृत्य से दर्शकों का दिल जीतेंगे। उम्मीद है कि यह आयोजन स्थानीय प्रतिभाओं को प्रोत्साहन देने के साथ श्रीनगर की सांस्कृतिक पहचान को और मजबूत करेगा। बैकुंठ चतुर्दशी मेले में एक बार फिर हुनर का मंच सजेगा और श्रीनगर की प्रतिभाएं अपनी कला से अपनी अलग पहचान बनाने की कोशिश करेंगी।
